Psycho thriller movie: खूनी खेल और दहशत से भरी 127 मिनट की साइको थ्रिलर, सस्पेंस ऐसा कि दिमाग झन्ना जाए

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Psycho thriller movie:

मुंबई, एजेंसियां। ओटीटी पर सस्पेंस-थ्रिलर फिल्मों का क्रेज लगातार बढ़ता जा रहा है। अगर आप भी ऐसी फिल्म की तलाश में हैं जो शुरुआत से अंत तक बांधे रखे, तो 2016 में रिलीज हुई फिल्म रमन राघव 2.0 आपके लिए परफेक्ट हो सकती है। 127 मिनट की यह साइकोलॉजिकल थ्रिलर अपने गहरे सस्पेंस और डार्क ट्रीटमेंट के लिए जानी जाती है।

असली सीरियल किलर पर आधारित कहानी

यह फिल्म 1960 के दशक में मुंबई में सक्रिय कुख्यात सीरियल किलर रमन राघव से प्रेरित है, जिसे ‘इंडिया का जैक द रिपर’ भी कहा जाता था। उसने 1968 में फुटपाथ पर सो रहे लोगों की लोहे की छड़ से हत्या कर दहशत फैला दी थी। बताया जाता है कि उसने 40 से ज्यादा हत्याएं की थीं। रमन राघव को पैरानॉयड स्किजोफ्रेनिया नाम की मानसिक बीमारी थी। पहले उसे फांसी की सजा सुनाई गई, लेकिन बाद में इसे उम्रकैद में बदल दिया गया। 1995 में पुणे की यरवदा जेल में उसकी मौत हो गई।

दमदार स्टारकास्ट

फिल्म में नवाजुद्दीन सिद्दीकी ने साइको किलर रमन का किरदार निभाया है, जिसे उनके करियर के बेहतरीन प्रदर्शनों में गिना जाता है। वहीं विक्की कौशल एसीपी राघवन की भूमिका में नजर आते हैं, जो रमन को पकड़ने की कोशिश करता है। इसके अलावा शोभिता धुलिपाला भी अहम भूमिका में हैं।

कहानी में जबरदस्त ट्विस्ट

फिल्म की कहानी रमन और इंस्पेक्टर राघवन के बीच चल रहे चूहे-बिल्ली के खेल पर आधारित है। बड़ा मोड़ तब आता है जब रमन खुद पुलिस के सामने सरेंडर कर देता है और कई हत्याओं की बात कबूल करता है। लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं होती। जेल से फरार होने के बाद वह फिर खून-खराबे पर उतर आता है। क्लाइमैक्स में रमन और राघवन आमने-सामने होते हैं, जहां रमन दावा करता है कि राघवन भी उसी की तरह मानसिक रूप से विक्षिप्त है। यही मनोवैज्ञानिक टकराव फिल्म को साधारण क्राइम थ्रिलर से अलग बनाता है।

आईएमडीबी रेटिंग और ओटीटी

फिल्म को आईएमडीबी पर 7.3 की मजबूत रेटिंग मिली है। अगर आप इसे देखना चाहते हैं तो यह ओटीटी प्लेटफॉर्म नेटफ्लिक्स और जी5 पर उपलब्ध है। अगर आप डार्क, इंटेंस और दिमाग घुमा देने वाली फिल्मों के शौकीन हैं, तो यह फिल्म वीकेंड के लिए शानदार विकल्प साबित हो सकती है।

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