Tej Pratap Yadav bungalow snatched:
पटना, एजेंसियां। बिहार की राजनीति में इन दिनों लालू परिवार के सरकारी आवासों को लेकर हलचल तेज है। पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी को 22 वर्षों बाद 10 सर्कुलर रोड का आवास खाली करने का आदेश दिए जाने के तुरंत बाद अब उनके बड़े बेटे और पूर्व मंत्री तेज प्रताप यादव का सरकारी बंगला भी छीन लिया गया है। आवास विभाग ने तेज प्रताप के आवंटन को नियम उल्लंघन बताते हुए रद्द कर दिया है, जबकि राजद इसे राजनीतिक बदले की कार्रवाई बता रही है।
तेज प्रताप का 26 एम स्ट्रैंड रोड बंगला अब मंत्री को आवंटित:
तेज प्रताप यादव वर्षों से 26 एम स्ट्रैंड रोड स्थित सरकारी आवास में रह रहे थे। लेकिन नीतीश सरकार द्वारा नए मंत्रियों को बंगले वितरित करने की प्रक्रिया में यह आवास अब मंत्री लखेंद्र पासवान को आवंटित कर दिया गया है। भवन निर्माण विभाग ने इसके लिए आधिकारिक आदेश जारी कर दिया है। सरकार के सभी 26 मंत्रियों को आवास का आवंटन पूरा हो चुका है, जिसमें 13 मंत्रियों को उनका पुराना बंगला ही मिला है, जबकि 13 नए मंत्रियों को नए आवास दिए गए हैं।
राबड़ी देवी को भी मिला नया आवास, RJD ने भाजपा पर लगाया आरोप:
इससे पहले पूर्व मुख्यमंत्री राबड़ी देवी को 10 सर्कुलर रोड बंगला खाली कर 39 हार्डिंग रोड स्थित नया आवास लेने का आदेश दिया गया। राजद ने इसे साजिश बताते हुए कहा कि एनडीए सरकार भाजपा के दबाव में काम कर रही है। पार्टी प्रवक्ता एजाज अहमद ने आरोप लगाया कि लालू परिवार पर जानबूझकर निशाना साधा जा रहा है। राजद के प्रदेश अध्यक्ष मंगनीलाल मंडल ने भी इस फैसले पर सवाल खड़े किए हैं।
लालू परिवार की ओर से सीमित प्रतिक्रिया:
अब तक लालू परिवार की ओर से केवल रोहिणी आचार्य ने सोशल मीडिया पर प्रतिक्रिया दी है, जबकि अन्य सदस्य चुप हैं। हालांकि, राजनीतिक माहौल गर्म है और दोनों आदेशों को लेकर सियासत और तेज होने की संभावना है।सरकारी विभागों का कहना है कि यह पूरी प्रक्रिया नियमों के अनुसार की गई है, जबकि राजद इसे राजनीतिक प्रतिशोध बता रही है। फिलहाल राज्य की राजनीति इन आवासीय फैसलों के केंद्र में है।
