Leeds Test: लीड्स टेस्ट में भारत की हार के 5 कारण: दोनों पारियों में मिडिल ऑर्डर के बैटर्स फेल, जडेजा-ठाकुर 3 विकेट ही ले सके [5 reasons for India’s defeat in Leeds Test: Middle order batsmen failed in both innings, Jadeja-Thakur could take only 3 wickets]

0
31
Ad3

Leeds Test:

लंदन एजेंसियां। शुभमन गिल का कप्तानी सफर हार के साथ शुरू हुआ। भारत एंडरसन-तेंदुलकर ट्रॉफी का पहला मैच 5 विकेट से हार गया है। लीड्स के हेडिंग्ले क्रिकेट स्टेडियम में मंगलवार को इंग्लैंड ने 371 रन का टारगेट 5 विकेट खोकर हासिल कर लिया।
यह मैच शुरुआती 4 दिनों तक बराबरी पर था, आखिरी दिन इंग्लैंड को जीत के लिए 350 बनाने थे। टीम ने घरेलू परिस्थितियों में बेहतरीन बैटिंग करके जीत हासिल की। बेन डकेट (149 रन) और जैक क्रॉली (65 रन) ने 188 रन की रिकॉर्ड ओपनिंग पार्टनरशिप की।

Leeds Test: भारत की हार के 5 कारणः

फैक्टर्स-1: मिडिल-लोअर ऑर्डर का फेल होना

भारतीय टीम का मिडिल ऑर्डर और लोअर मिडिल ऑर्डर दोनों पारियों में कोलैप्स कर गया। भारतीय टीम ने पहले पारी में आखिरी 6 विकेट मात्र 41 रन पर गंवा दिए। वहीं, दूसरी पारी में आखिरी 5 बैटर्स 31 रन के अंदर पवेलियन लौट गए।

पहली पारी में करुण नायर शून्य, रवींद्र जडेजा 11 और शार्दूल ठाकुर एक रन बनाकर आउट हुए। इससे भारत पहली पारी में 500 के पार नहीं जा सका। दूसरी पारी में करुण नायर 20, रवींद्र जडेजा 25 और शार्दूल ठाकुर 4 रन बनाकर आउट हो गए। इस बार टीम इंग्लैंड को 400 पार का टारगेट नहीं दे सकी। जबकि, टीम ने दूसरी पारी में 5 विकेट पर 333 रन बना लिए थे।

फैक्टर्स-2: तीन गेंदबाजों का कमजोर प्रदर्शन

लीड्स की पिच पर इंग्लैंड की दूसरी पारी के दौरान भारत की गेंदबाजी यूनिट खास प्रदर्शन नहीं कर सकी। साथ ही मुकाबले में चौथे-पांचवें गेंदबाज का प्रदर्शन कमजोर रहा। बुमराह-प्रसिद्ध के अलावा, कोई भी गेंदबाज इंग्लिश बैटर्स को परेशान नहीं कर सका। मोहम्मद सिराज और शार्दूल ठाकुर ने 2-2 और रवींद्र जडेजा ने एक विकेट लिया।

फैक्टर-3: खराब फील्डिंग, 9 कैच ड्रॉप किए

भारत की हार की मुख्य वजह खराब फील्डिंग रही। टीम ने अहम मौकों पर 9 कैच छोड़े। इनमें से 6 कैच पहली पारी में छूटे, जबकि 3 कैच दूसरी पारी में ड्रॉप हुए। मैच में सेंचुरी लगाने वाले ओली पोप और बेन डकेट को 2-2 जीवनदान मिले। भारत की ग्राउंड फील्डिंग भी खराब रही।

फैक्टर-4: पांचवें दिन भी पिच का फ्लैट रहना

आम तौर पर किसी टेस्ट मैच में पांचवें दिन बल्लेबाजी करना मुश्किल होता है। तब तक पिच काफी हद तक टूट जाती है, लेकिन हेडिंग्ले में ऐसा नहीं हुआ। पांचवें दिन भी पिच में गेंदबाजों के लिए कोई मदद मौजूद नहीं थी।

फैक्टर-5: क्रॉली-डकेट की रिकॉर्ड साझेदारी

इंग्लिश टीम के बल्लेबाजों ने शानदार प्रदर्शन किया। टीम से बेन डकेट और ओली पोप ने शतक लगाए। हैरी ब्रूक ने 99 रन बनाए। दूसरी इनिंग में इंग्लिश ओपनर्स जैक क्रॉली और बेन डकेट ने 188 रन जोड़े। यह निर्णायक साझेदारी साबित हुई। दोनों ने इंग्लैंड के लिए चौथी पारी में अब तक की दूसरी सबसे बड़ी ओपनिंग पार्टनरशिप की।

इसे भी पढ़ें

England tour: इंग्लैंड दौरे के लिए टीम इंडिया का ऐलान, शुभमन गिल बने कप्तान 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here